🪔 हिंदी आरती पाठ · शिव

तुंगनाथ महादेव की भक्तिमय आरती – हिंदी में पाठ

तुंगनाथ महादेव की भक्तिमय आरती को मोबाइल पर स्पष्ट हिंदी अक्षरों में पढ़ें। पूजा करते समय बोल आसानी से देखने के लिए नीचे पूरा पाठ दिया गया है।

तुंगनाथ पंच केदारों में भगवान शिव की भुजाओं से जुड़ी लोकमान्यता वाला शिवधाम है। यहाँ चोपता और चंद्रशिला के हिमालयी परिवेश का स्मरण किया गया है।

पाठ की पहचान: सनातन ज्ञान का स्वरचित भक्तिपाठ — मंदिर की आधिकारिक या पारंपरिक निर्धारित आरती होने का दावा नहीं।

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कब पढ़ें?

इस आरती को इन अवसरों पर श्रद्धालु पढ़ते हैं: पंच केदार · सोमवार · महाशिवरात्रि · सावन। परिवार और स्थानीय परंपरा के अनुसार पूजा की विधि भिन्न हो सकती है।

तुंगनाथ महादेव की भक्तिमय आरती के बोल

जय तुंगनाथ महादेव, ऊँचे पर्वत धाम। हिमशिखरों की छाँव में, गूँजे शिव का नाम॥चोपता की पगडंडी बोले, हर हर शंकर नाथ। चंद्रशिला के नभ से उतरे, श्रद्धा की बरसात॥भुजा-स्वरूप की मान्यता में, शक्ति का अभिनंदन। नंदी के प्रिय भोले बाबा, स्वीकारो यह वंदन॥नभ में बादल, मन में उजियारा, हर लो मन का भार। दीन-दुखी के नाथ दयालु, करना सबका उद्धार॥दीप जलाएँ प्रेम-भरे हम, कहें हृदय की बात। जय तुंगनाथ महादेव, रहना सदा साथ॥

तुंगनाथ महादेव की भक्तिमय आरती ऑनलाइन या ऑफलाइन कैसे पढ़ें?

डिजिटल आरती पुस्तक खोलकर इस आरती को पसंदीदा सूची में जोड़ें। मोबाइल पर A+ से अक्षर बड़े कर सकते हैं। बिना इंटरनेट पढ़ने के लिए ऑनलाइन रहते हुए पूरी पुस्तक को सेव करें और सफल होने की पुष्टि देखें। ऑफलाइन डेटा इसी ब्राउज़र में रहता है और स्टोरेज साफ होने पर मिट सकता है।

मंदिर और क्षेत्र की पृष्ठभूमि: स्थान संबंधी तथ्य देखें।

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