🪔 हिंदी आरती पाठ · शिव

नीलकंठ महादेव की भक्तिमय आरती – हिंदी में पाठ

नीलकंठ महादेव की भक्तिमय आरती को मोबाइल पर स्पष्ट हिंदी अक्षरों में पढ़ें। पूजा करते समय बोल आसानी से देखने के लिए नीचे पूरा पाठ दिया गया है।

ऋषिकेश के निकट नीलकंठ महादेव मंदिर समुद्र-मंथन से जुड़ी पारंपरिक कथा के लिए जाना जाता है।

पाठ की पहचान: सनातन ज्ञान का स्वरचित भक्तिपाठ — मंदिर की आधिकारिक या पारंपरिक निर्धारित आरती होने का दावा नहीं।

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कब पढ़ें?

इस आरती को इन अवसरों पर श्रद्धालु पढ़ते हैं: प्रसिद्ध शिव धाम · सोमवार · महाशिवरात्रि · सावन। परिवार और स्थानीय परंपरा के अनुसार पूजा की विधि भिन्न हो सकती है।

नीलकंठ महादेव की भक्तिमय आरती के बोल

जय नीलकंठ महादेव, विष का हरने वाले। करुणा से सब कष्ट हरने, भक्तों के रखवाले॥पर्वत, वन और निर्मल धारा, गूँजे शिव का नाम। कंठ में नीलिमा की गाथा, संयम का पैगाम॥जग के हित के लिए प्रभु तुमने, कष्टों को स्वीकारा। हमको भी निष्काम सेवा का, सच्चा पथ दिखलाना॥क्रोध की अग्नि शांत कराओ, मधुर बने व्यवहार। सत्य बोलें, सबका मान करें, रहे प्रेम अपार॥आरती के दीप में चमके, अपना शुभ संस्कार। जय नीलकंठ महादेव, बारंबार नमस्कार॥

नीलकंठ महादेव की भक्तिमय आरती ऑनलाइन या ऑफलाइन कैसे पढ़ें?

डिजिटल आरती पुस्तक खोलकर इस आरती को पसंदीदा सूची में जोड़ें। मोबाइल पर A+ से अक्षर बड़े कर सकते हैं। बिना इंटरनेट पढ़ने के लिए ऑनलाइन रहते हुए पूरी पुस्तक को सेव करें और सफल होने की पुष्टि देखें। ऑफलाइन डेटा इसी ब्राउज़र में रहता है और स्टोरेज साफ होने पर मिट सकता है।

मंदिर और क्षेत्र की पृष्ठभूमि: स्थान संबंधी तथ्य देखें।

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