🪔 हिंदी आरती पाठ · राम
श्री रामचन्द्र जी की आरती – हिंदी में पाठ
श्री रामचन्द्र जी की आरती को मोबाइल पर स्पष्ट हिंदी अक्षरों में पढ़ें। पूजा करते समय बोल आसानी से देखने के लिए नीचे पूरा पाठ दिया गया है।
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इस आरती को इन अवसरों पर श्रद्धालु पढ़ते हैं: राम नवमी · दैनिक पूजा। परिवार और स्थानीय परंपरा के अनुसार पूजा की विधि भिन्न हो सकती है।
श्री रामचन्द्र जी की आरती के बोल
श्री रामचन्द्र कृपालु भजु मन, हरण भवभय दारुणम्।
नवकंज लोचन, कंज मुख, कर कंज, पद कंजारुणम्॥कंदर्प अगणित अमित छवि, नवनील नीरद सुन्दरम्।
पट पीत मानहु तड़ित रुचि शुचि, नौमि जनकसुतावरम्॥भजु दीनबंधु दिनेश दानव, दैत्य वंश निकंदनम्।
रघुनंद आनंदकंद कोशलचंद, दशरथनंदनम्॥सिर मुकुट कुंडल तिलक चारु, उदार अंग विभूषणम्।
आजानुभुज शर चाप धर, संग्रामजित खरदूषणम्॥इति वदति तुलसीदास शंकर, शेष मुनि मन रंजनम्।
मम हृदय कंज निवास कुरु, कामादि खल दल गंजनम्॥
श्री रामचन्द्र जी की आरती ऑनलाइन या ऑफलाइन कैसे पढ़ें?
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पाठ संदर्भ: आरती पाठ का संदर्भ देखें। परंपरागत पाठ में क्षेत्रीय अंतर संभव हैं।
